हिसार में सफाई कर्मचारियों पर कार्रवाई के विरोध में जालंधर में प्रदर्शन, सीएम सैनी का पुतला फूंका
जालंधर: हिसार में सफाई कर्मचारियों के विरोध प्रदर्शन के दौरान कई महिला और पुरुष कर्मचारियों को हिरासत में लिए जाने के मामले को लेकर जालंधर में सफाई यूनियन ने विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी का पुतला फूंककर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
सफाई कर्मचारी नेता पवन ने आरोप लगाया कि हरियाणा सरकार ने सफाई कर्मचारियों की मांगों को पूरा नहीं किया है। वहीं, जालंधर में प्रदर्शन के दौरान यूनियन प्रधान गौरव गिल ने हिसार में सफाई कर्मचारियों पर कथित लाठीचार्ज की निंदा की।
गौरव गिल ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार सफाई कर्मचारियों और दलित समाज के प्रति संवेदनशील नहीं है। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी के दौरान सफाई कर्मचारियों ने अपनी जान जोखिम में डालकर काम किया था। उस समय सफाई कर्मचारियों को ‘सफाई सैनिक’ और ‘सफाई योद्धा’ का दर्जा देने की बात कही गई थी, लेकिन उनके अनुसार कर्मचारियों को इसका लाभ नहीं मिला।
उन्होंने कहा कि अपने अधिकारों और मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों पर कार्रवाई करना निंदनीय है। इसी के विरोध में जालंधर में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी का पुतला फूंककर रोष जताया गया।
वहीं, सफाई यूनियन के प्रधान सन्नी ने कहा कि वाल्मीकि समाज अपने अधिकारों के लिए लगातार संघर्ष कर रहा है। उन्होंने बरनाला में सफाई कर्मचारियों से जुड़े विवाद का जिक्र करते हुए सवाल उठाया कि हरियाणा में सफाई कर्मियों के खिलाफ हुई कार्रवाई को लेकर संबंधित यूनियनें चुप क्यों हैं।
सन्नी ने दावा किया कि हरियाणा के अलावा जोधपुर में भी सफाई कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं। उन्होंने हिसार में कर्मचारियों को हिरासत में लिए जाने की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि अगर अपने हक की लड़ाई के लिए उन्हें हरियाणा जाना पड़ा, तो वे वहां जाने के लिए भी तैयार हैं।