जालंधर में अंतरराष्ट्रीय हथियार तस्करी गिरोह का भंडाफोड़, पंजाबी यूट्यूबर मणि शोकर समेत 3 गिरफ्तार
जालंधर कमिश्नरेट पुलिस ने कथित अंतरराष्ट्रीय हथियार तस्करी गिरोह के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए मशहूर पंजाबी यूट्यूबर मनप्रीत सिंह उर्फ मणि शोकर समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से विदेश में बनी 5 पिस्तौल और 5 जिंदा कारतूस बरामद किए हैं।
डीसीपी आदित्य वारियर ने बताया कि यह कार्रवाई एडीसीपी-2 माधवी शर्मा की अगुवाई में की गई। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मनप्रीत सिंह उर्फ मणि शोकर, निवासी गांव अट्टी बाजा, फिल्लौर, दिलप्रीत सिंह, निवासी गांव धर्म सिंह वाला, जिला मोगा और मेहर सिंह उर्फ प्रिंस, निवासी न्यू आजाद नगर, लुधियाना के रूप में हुई है।
पुलिस नाके पर SI पर फायरिंग की कोशिश
पुलिस के मुताबिक, 18 सितंबर को सदर थाने के एसएचओ सब-इंस्पेक्टर बलकरण सिंह की निगरानी में पुलिस चौकी जंडियाला के इंचार्ज एसआई नरिंदर मोहन अपनी टीम के साथ जंडियाला मोड़ पर नाकाबंदी कर चेकिंग कर रहे थे।
इसी दौरान पुलिस ने PB-08-GB-1101 नंबर की महिंद्रा स्कॉर्पियो को रोककर तलाशी ली। पुलिस ने ड्राइवर और उसके साथ बैठे एक व्यक्ति से पहचान पत्र और ड्राइविंग लाइसेंस दिखाने को कहा।
पुलिस के अनुसार, इसी दौरान बिना दाढ़ी वाले यात्री ने कथित तौर पर पिस्तौल निकालकर एसआई नरिंदर मोहन पर गोली चलाने की कोशिश की। एसआई ने उसका हाथ पकड़ लिया। इसके बाद आरोपी ने कथित तौर पर दो गोलियां चला दीं, जो पास के एक ढाबे की दीवार पर जा लगीं। पुलिस टीम ने दोनों आरोपियों को काबू कर लिया।
मौके से बरामद हुई Glock पिस्तौल
पुलिस के अनुसार, फायरिंग करने वाले व्यक्ति ने अपनी पहचान मनप्रीत सिंह उर्फ मणि शोकर के रूप में बताई। पुलिस ने उसके पास से GLOCK 19 Gen4, Austria, 9×19 mm पिस्तौल और 3 कारतूस बरामद किए।
इसके बाद आरोपी से पूछताछ के आधार पर पुलिस ने कथित तौर पर 4 और पिस्तौल तथा 2 जिंदा कारतूस बरामद किए। बरामद हथियारों में Cugir Romania Model TT-C, Walther Carl Walther Waffenfabrik Ulm/DO Model PP और अन्य पिस्तौल शामिल हैं।
पुलिस के मुताबिक, इस मामले में अब तक कुल 5 पिस्तौल और 5 जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं।
आर्म्स एक्ट समेत विभिन्न धाराओं में केस दर्ज
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ सदर थाने में FIR नंबर 367 दर्ज की है। मामला BNS की धारा 109 और आर्म्स एक्ट की धारा 25/27-54-59 के तहत दर्ज किया गया है।
पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ कर हथियारों की सप्लाई के स्रोत, संभावित खरीदारों और पूरे नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के बारे में जानकारी जुटा रही है।