जालंधर में Kingdom Consultant फिर विवादों में घिरा, पैसे न मिलने पर पीड़ितों ने किसानों समेत किया हंगामा
भारी संख्या में किसान दफ्तर के बाहर धरना लगाकर बैठ गए
अगर पीड़ितों के पैसे नहीं लौटाए गए तो वह सड़क जाम करेंगे
जब तक उन्हें इंसाफ नहीं मिलता, वे यहीं मोर्चा लगाकर बैठेंगे
आज अपने पैसे लेने आए और पुलिस में शिकायत नहीं करेंगे
जालंधर
जालंधर के सतनाम नगर मार्केट में स्थित Kingdom Consultant के बाहर किसानों द्वारा जमकर हंगामा किया गया। इस दौरान भारी संख्या में किसान दफ्तर के बाहर धरना लगाकर बैठ गए। किसानों का कहना है कि अगर पीड़ितों के पैसे नहीं लौटाए गए तो वह सड़क को जाम कर देंगे। किसान नेता ने बताया कि इमिग्रेशन द्वारा लड़कियों के स्टाफ को ऑफिस से भेज दिया गया। पीड़ित ने कहा कि वह 8 महीने से पैसे को लेकर टालमटोल कर रहे हैं। जब तक उन्हें इंसाफ नहीं मिलता, वह यहीं बैठेंगे। आज वह अपने पैसे लेने आए है और पुलिस को शिकायत नहीं करेंगे।
विज्ञापन देखकर Kingdom Consultant आए थे
वहीं पीड़ित जगमेल सिंह ने कहा कि 11 महीने पहले उसने बेटी का कनाडा का वीजा Kingdom Consultant के ऑफिस से लगवाया था। वह सोशल मीडिया पर विज्ञापन देखकर ट्रैवल एजेंट के ऑफिस में आए थे। जहां ऑफिस के स्टाफ ने 2 माह में वीजा आने का आश्वासन दिया था। कनाडा के वीजा अप्लाई करने के लिए 5.12 लाख रुपए दिए थे। लेकिन अब तक उन्हें वीजा नहीं दिया गया। इस दौरान उनके द्वारा 4 लाख 22 हजार रुपए ऑनलाइन दिए थे, जिसके प्रूफ उनके पास है। हालांकि कैश दी गई पेमेंट की रसीद उनके पास नहीं है।
बैंक में लगाया चैक हुआ बाउंस, नहीं दिए हैं पैसे
वहीं विक्रम ने कहाकि उसने बच्चों का कनाडा का वीजा लगवाया था और वीजा रिफ्यूज होने को लेकर काफी समय हो गया। उसने 6 लाख रुपए वीजा के दिए थे। इस दौरान मैडम भावना, बबीता का जिक्र करते हुए कहा कि सोशल मीडिया पर विज्ञापन देखकर ऑफिस आए थे। ऐसे में सितंबर को 4 लाख रुपए में समझौता हुआ और जब वह बैंक में पैसे लेने के लिए गया तो वहां पर चैक बाउंस हो गया। इस दौरान अब तक उन्हें पैसे नहीं दिए जा रहे। जिसके बाद आज वह ऑफिस में पहुंचे, लेकिन सुबह 9 बजे से दोपहर का समय हो गया, उन्हें पैसे नहीं दिए जा रहे।
इमिग्रेशन ने कहा कि वह पैसे देने के लिए तैयार
इस मामले पर Kingdom Consultant के कर्मी करण ने बताया कि उनके पास कनाडा के वीजा के लिए परिवार आया था। लेकिन उनकी रिफ्यूजल आ गई थी। ऐसे में उनकी तरफ परिवार को 2.80 लाख में बात समझौते की बात हुई थी और उनके द्वारा चैक दिए गए, लेकिन अब परिवार 5 लाख रुपए लेने पर अड़ गया है। वहीं चैक बाउंस होने पर कहा कि वह फिर भी 2.80 लाख रुपए देने के लिए तैयार है। जिसके बाद विक्रम के केस को लेकर कहा कि वह उनके भी 4 लाख रुपए देने को तैयार है।