नेपाल बाढ़ आपदा में अबतक 1,356 लोगों की मौत, मलबे में जारी जिंदगी की तलाश, हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट्स पर रेस्क्यू
पहाड़ी इलाकों में टूटे रास्तों, भारी मलबे के कारण बचाव अभियान में काफी दिक्कतें आ रही
मुश्किल भौगोलिक परिस्थितियों के कारण रेस्क्यू टीमें फंसे कर्मचारियों की तलाश कर रही हैं
4,894 लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं, लापता लोगों में 587 विदेशी नागरिक भी शामिल
नेपाल-तिब्बत में बाढ़ और भूस्खलन के बाद भारतीय नागरिकों के लापता होने की जानकारी है
बीजिंग के भारतीय दूतावास ने लापता भारतीयों के परिजनों से DNA सैंपल जमा करने को कहा
नेपाल ने नुकसान के लिए 2 करोड़ डॉलर यानी लगभग 189 करोड़ के मुआवजे की मांग की
नेपाल में आई भीषण बाढ़ और भूस्खलन के करीब दो हफ्ते बाद भी राहत और बचाव अभियान जारी है। रेस्क्यू टीमें अलग-अलग हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट्स की सुरंगों में फंसे कर्मचारियों की तलाश कर रही हैं। पहाड़ी इलाकों में टूटे रास्तों, भारी मलबे और मुश्किल भौगोलिक परिस्थितियों के कारण बचाव अभियान में काफी दिक्कतें आ रही हैं। बाढ़ और भूस्खलन से नेपाल में अब तक 1,356 लोगों की मौत हो चुकी है। अब तक 13 हजार से ज्यादा लोगों को सुरक्षित बचाया जा चुका है, लेकिन 4,894 लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं। लापता लोगों में 587 विदेशी नागरिक भी शामिल हैं। रेस्क्यू टीमें कई हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट्स की सुरंगों में लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही हैं।
हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट्स में सर्क कर रहीं रेस्क्यू टीमें
लांगटांग हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट में सर्च और रेस्क्यू ऑपरेशन जारी। लापता लोगों की तलाश। बचाव दल का प्रभावित क्षेत्रों में अभियान।
चिलिमे हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट की सुरंग में नेपाली और भारतीय सेना की संयुक्त टीम करीब 115 मीटर अंदर तक पहुंच चुकी है आज।
अपर त्रिशूली-1 परियोजना की सुरंग में बचावकर्मियों ने करीब 400 मीटर तक तलाशी ली, लेकिन अभी तक कोई सुराग नहीं मिला।
मेलुंग खोला क्षेत्र में ड्रोन की मदद से व्यापक सर्च अभियान चलाया गया है आज। करीब 1 किलोमीटर क्षेत्र में ड्रोन से सर्च किया गया।
त्रिशूली-3A परियोजना में सुरंग और पावर हाउस के भीतर लापता लोगों की तलाश लगातार जारी है, बचाव दल लगातार जुटा हुआ है।
त्रिशूली-3B क्षेत्र में ड्रोन और थर्मल कैमरों की मदद से चल रहा सर्च ऑपरेशन। ऑफिस और रिहायशी इलाकों में तलाशी चल रही है।
लापता भारतीयों के परिजनों से DNA सैंपल मांगे
वहीं, तिब्बत में 43 लोगों की मौत हुई है और 519 लोग अभी भी लापता हैं। नेपाल-तिब्बत में बाढ़ और भूस्खलन के बाद कुछ भारतीय नागरिकों के भी लापता होने की जानकारी है। बीजिंग स्थित भारतीय दूतावास ने लापता भारतीयों के परिजनों से DNA सैंपल जमा करने को कहा है, ताकि बरामद शवों की पहचान की जा सके।
नेपाल ने मांगा करीब 2 करोड़ डॉलर का मुआवजा
नेपाल ने बाढ़ से हुए भारी नुकसान के लिए करीब 2 करोड़ डॉलर यानी लगभग 189 करोड़ रुपये के मुआवजे की मांग की है। नेपाल का कहना है कि जलवायु परिवर्तन में उसका योगदान बेहद कम है, लेकिन इसके बावजूद देश को जलवायु परिवर्तन का गंभीर असर झेलना पड़ रहा है। वहीं, संयुक्त राष्ट्र की 2023 की रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले 30 वर्षों में नेपाल के पहाड़ों ने करीब एक-तिहाई बर्फ खो दी है।