6 हजार करोड़ के ड्रग्स केस में SIT का समन, मजीठिया और जगदीश भोला से आमने-सामने हो सकती है पूछताछ!
SIT ने मजीठिया को पूछताछ के लिए 5 अक्टूबर को बुलाया है
वहीं यह NDPS का मामला है, पुलिस ने कोई रिकवरी नहीं की
मामले में जगदीश भोला और अन्य लोगों के बयान दर्ज किए हैं
2021 में मजीठिया के खिलाफ NDPS एक्ट तहत FIR दर्ज थी
FIR में कथित गतिविधियों की अवधि 2004 से 2014 बताई थी
पंजाब
शिरोमणि अकाली दल के नेता बिक्रम मजीठिया को 6 हजार करोड़ रुपए के ड्रग को लेकर SIT ने समन जारी किया है। SIT ने मजीठिया को पूछताछ के लिए 5 अक्टूबर को बुलाया है। इसके साथ ही इस मामले में जुड़े जगदीश भोला को भी बुलाया गया है। कयास लगाए जा रहे हैं कि दोनों को आमने-सामने बैठाकर पूछताछ की जा सकती है। 2021 में मजीठिया पर FIR दर्ज की गई थी। मामले में जगदीश भोला और अन्य लोगों के बयान दर्ज किए गए। मजीठिया का कहना है कि यह NDPS का मामला है, जिसमें पुलिस ने कोई रिकवरी नहीं की है।
2021 में मजीठिया पर दर्ज की गई थी एफआईआर
20 दिसंबर 2021 को क्राइम ब्रांच ने बिक्रम मजीठिया के खिलाफ NDPS एक्ट के तहत FIR दर्ज की थी। पुलिस का आरोप था कि मजीठिया के कुछ ऐसे लोगों से संबंध थे, जिन पर ड्रग तस्करी से जुड़े होने के आरोप थे। FIR में कथित गतिविधियों की अवधि 2004 से 2014 बताई गई थी।
जगदीश भोला और अन्य लोगों के बयान किए दर्ज
मामले में जगदीश सिंह भोला, जगजीत सिंह चहल, मनिंदर सिंह औलख उर्फ बिट्टू औलख और अन्य लोगों के बयानों का भी उल्लेख हुआ। पंजाब सरकार की तरफ से कोर्ट में कहा गया था कि इन बयानों और अन्य सामग्री के आधार पर मजीठिया की भूमिका की जांच की जा रही है।
केस को लेकर मजीठिया सवाल उठाते आ रहे हैं
हालांकि मजीठिया ने इस केस में कानूनी लड़ाई लड़ी और 2022 के विधानसभा चुनाव में अमृतसर से चुनावी मैदान में उतरे थे। इसके बाद वह जेल गए। अगस्त 2022 में उन्हें जमानत मिल गई थी। मजीठिया इस केस पर पहले से ही सवाल उठाते आए हैं।