इटली में सड़क हादसे में पंजाब के 44 वर्षीय रणवीर सिंह की मौत, परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
मोगा: इटली से पंजाब के मोगा जिले के लिए बेहद दुखद खबर सामने आई है। गांव नागल निवासी 44 वर्षीय रणवीर सिंह की इटली के कैस्टिग्लियोने में सड़क हादसे में मौत हो गई। रणवीर सिंह पिछले 26 वर्षों से इटली में रहकर एक जुराबों की फैक्ट्री में काम कर रहे थे। हादसे की खबर मिलते ही निहाल सिंह वाला इलाके में शोक की लहर दौड़ गई।
बच्चों के लिए किताबें खरीदने बाजार गया था परिवार
जानकारी के मुताबिक, 21 अगस्त को रणवीर सिंह अपनी पत्नी और बच्चों के साथ बच्चों के लिए किताबें खरीदने बाजार गए थे। खरीदारी के बाद जब वह दुकान से बाहर निकलकर अपनी कार का दरवाजा खोलने जा रहे थे, तभी दूसरी तरफ से तेज रफ्तार जीप ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी।
टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि रणवीर कई फीट दूर जा गिरे। गिरने के कारण उनके सिर पर गंभीर चोटें आईं और उन्होंने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
26 साल से इटली में कर रहे थे काम
रणवीर सिंह करीब 26 वर्षों से इटली के कैस्टिग्लियोने में रह रहे थे और वहां एक जुराबों की फैक्ट्री में काम करते थे। लंबे समय से विदेश में रहने के बावजूद उनका अपने परिवार और पंजाब से गहरा जुड़ाव था।
परिवार एक महीने पहले ही आया था पंजाब
परिवार के मुताबिक, रणवीर के बच्चे इटली में ही पढ़ाई कर रहे हैं। उनकी एक बेटी 19 वर्ष की है, दूसरी बेटी 12 वर्ष की और बेटा 8 वर्ष का है। परिवार के सदस्य करीब एक महीने पहले ही इटली से पंजाब लौटे थे। परिजनों ने बताया कि 20 अगस्त को उन्होंने रणवीर से बातचीत भी की थी।
रणवीर की अचानक मौत की खबर ने परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है। बच्चों और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
परिवार ने सरकार से लगाई मदद की गुहार
परिवार ने पंजाब और केंद्र सरकार से अपील की है कि रणवीर सिंह का शव जल्द से जल्द भारत लाने की व्यवस्था की जाए, ताकि गांव में उनका अंतिम संस्कार किया जा सके। परिवार ने यह भी मांग की है कि उन्हें इटली जाने के लिए आवश्यक वीजा दिलाने में मदद की जाए, ताकि वे रणवीर के बच्चों के पास पहुंचकर उनकी देखभाल कर सकें।
परिजनों के अनुसार, रणवीर की बड़ी बेटी पायलट बनने की पढ़ाई कर रही है। ऐसे में परिवार अब सरकार से हर संभव मदद की उम्मीद कर रहा है।