मुख्यमंत्री आवास के बाहर प्रदर्शन की तैयारी, हरसिमरत कौर बादल के नेतृत्व में इस्त्री अकाली दल उतरेगा सड़क पर
चंडीगढ़: पंजाब में सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी और विपक्ष के बीच मुख्यमंत्री कार्यालय से जुड़े कथित भ्रष्टाचार के मुद्दे को लेकर टकराव बढ़ता जा रहा है। इसी कड़ी में शिरोमणि अकाली दल का महिला विंग इस्त्री अकाली दल, पार्टी की सांसद हरसिमरत कौर बादल के नेतृत्व में मुख्यमंत्री भगवंत मान के आवास के बाहर विरोध प्रदर्शन करने की तैयारी कर रहा है।
यह प्रदर्शन मुख्यमंत्री कार्यालय से जुड़े विवादों को लेकर अकाली दल द्वारा लगातार उठाए जा रहे सवालों के बीच किया जा रहा है।
ED के आरोपों को लेकर भी घमासान
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने आरोप लगाए हैं कि मुख्यमंत्री भगवंत मान के विशेष ड्यूटी अधिकारी (OSD) राजबीर सिंह घुम्मण ने कथित तौर पर एक बिचौलिए के माध्यम से गोपनीय सरकारी दस्तावेज लीक करने और पैसे लेकर पोस्टिंग, हथियार लाइसेंस तथा अन्य मंजूरियों को सुविधाजनक बनाने में भूमिका निभाई।
हालांकि, ये आरोप जांच एजेंसी की ओर से लगाए गए हैं और मामले में अंतिम कानूनी निष्कर्ष जांच एवं न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही स्पष्ट होगा।
पूर्व जज के आरोपों से भी बढ़ा विवाद
वहीं, एक अलग मामले में पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के सेवानिवृत्त जज रणजीत सिंह ने मुख्यमंत्री भगवंत मान की पत्नी डॉ. गुरप्रीत कौर पर कथित तौर पर एक दुष्कर्म मामले को सुलझाने के लिए 5 करोड़ रुपये मांगने का आरोप लगाया है।
इन आरोपों को लेकर भी पंजाब की राजनीति में घमासान तेज हो गया है।
राज्यपाल से मिले सुखबीर बादल
विरोध प्रदर्शन से पहले शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल के नेतृत्व में पार्टी के एक प्रतिनिधिमंडल ने पंजाब के राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया से मुलाकात की।
अकाली दल ने पूरे मामले की CBI जांच कराने और मुख्यमंत्री भगवंत मान के इस्तीफे की मांग की। पार्टी ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री कार्यालय कथित तौर पर दुष्कर्म के आरोपियों और भ्रष्ट अधिकारियों को बचाने का “वन-स्टॉप सर्विस सेंटर” बन गया है।
अकाली दल ने राजबीर सिंह घुम्मण और डॉ. गुरप्रीत कौर के खिलाफ FIR दर्ज करने की मांग भी उठाई है।
अब हरसिमरत कौर बादल के नेतृत्व में प्रस्तावित इस्त्री अकाली दल के प्रदर्शन के चलते पंजाब की सियासत और गरमाने के आसार हैं।