लखनऊ के अलीगंज स्थित इंस्टीट्यूट में भीषण आग, अब तक छात्रों समेत 14 लोगों की मौत, सीएम योगी ने दौरा किया रद्द
लखनऊ कोचिंग सेंटर में आग हादसा : जान बचाने को छात्रों ने लगाई छलांग
प्रशासन को आशंका है अभी भी पांच बच्चे इमारत के अंदर फंसे हो सकते हैं
आग लगने के समय इमारत की दूसरी मंजिल पर कोचिंग कक्षाएं चल रही थीं
फायर ब्रिगेड की 10 गाड़ियां मौके पर, आग बुझाने का अभियान शुरू किया
हादसे की गंभीरता को देखते मौके पर चिकित्सा संसाधन भी कम पड़ गए थे
लखनऊ
लखनऊ के अलीगंज इलाके में सोमवार दोपहर करीब 2:15 बजे एक दो मंजिला इमारत में भीषण आग लग गई। इस दर्दनाक हादसे में अब तक 14 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है। मृतकों में बड़ी संख्या में छात्र शामिल बताए जा रहे हैं। प्रशासन को आशंका है कि अभी भी करीब पांच बच्चे इमारत के अंदर फंसे हो सकते हैं। जान बचाने के लिए कई छात्रों ने पहली मंजिल से छलांग लगा दी, जिससे कई लोग घायल हो गए। कुछ घायलों की हालत गंभीर बताई जा रही है। हादसे के दौरान एक युवक आग से बचने के लिए इमारत से कूद गया, लेकिन नीचे लगी लोहे की नुकीली ग्रिल पर गिर गया। ग्रिल उसके पेट में घुस गई, जिसके बाद स्थानीय लोगों ने उसे तुरंत अस्पताल पहुंचाया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कुछ छात्र तारों के सहारे नीचे उतरे, जबकि कई देर तक इमारत के अंदर फंसे रहे। घटना के बाद इलाके में घना धुआं फैल गया, जिससे आसपास अंधेरे जैसी स्थिति बन गई। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घटना का संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को तत्काल मौके पर पहुंचने और राहत कार्यों की निगरानी करने के निर्देश दिए हैं।
बाथरूम में छिपे छात्र, कूदकर बचाई जान
आग लगने के समय इमारत की दूसरी मंजिल पर कोचिंग कक्षाएं चल रही थीं। अचानक धुआं और आग फैलने पर कई छात्रों ने खुद को बचाने के लिए बाथरूम में बंद कर लिया। वहीं एक छात्र ने जान बचाने के लिए पहली मंजिल से छलांग लगा दी, लेकिन वह नीचे लगी लोहे की ग्रिल पर गिर गया और गंभीर रूप से घायल हो गया।
NDRF की टीमों का रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
घटना के बाद फायर ब्रिगेड की करीब 10 गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग बुझाने का अभियान शुरू किया गया। एक हाइड्रोलिक प्लेटफॉर्म की सहायता से ऊपरी हिस्सों तक पहुंचने की कोशिश की गई। SDRF और NDRF की टीमें भी राहत एवं बचाव कार्य में जुटी रहीं।
पीछे की दीवार तोड़कर निकाले जा रहे शव
रेस्क्यू टीमों ने इमारत के पिछले हिस्से की दीवार तोड़कर अंदर पहुंचने का रास्ता बनाया है। इसी रास्ते से शवों और फंसे लोगों को बाहर निकाला जा रहा है। मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका जताई जा रही है क्योंकि कई हिस्सों तक अभी भी पूरी तरह पहुंच नहीं बन पाई है।
एम्बुलेंस कम पड़ने पर बढ़ाई गई व्यवस्था
हादसे की गंभीरता को देखते हुए मौके पर मौजूद चिकित्सा संसाधन भी कम पड़ गए। घायलों को अस्पताल पहुंचाने के लिए अतिरिक्त एम्बुलेंस मंगवाई गई हैं। उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने स्वयं मौके पर पहुंचकर राहत कार्यों की निगरानी की और स्वास्थ्य विभाग को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
सीएम योगी ने बीच में ही छोड़ना पड़ा दौरा
घटना की सूचना मिलने के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यानाथ अलीगढ़ दौरा बीच में छोड़कर लखनऊ रवाना हो गए। वहीं प्रमुख सचिव गृह संजय प्रसाद भी घटनास्थल पर पहुंचे और बचाव कार्यों की समीक्षा की। प्रशासन ने हादसे के कारणों की जांच के आदेश दे दिए हैं, जबकि राहत और बचाव अभियान देर शाम तक जारी रहा।