AAP राज्यसभा सांसद संत बलबीर सिंह सीचेवाल ने लौटाई अपनी सुरक्षा, DGP गौरव यादव को लिखा पत्र
जब जनता असुरक्षित महसूस कर रही हो, तो छह सुरक्षाकर्मियों का रहना उचित नहीं है
इन पुलिसकर्मियों को लोहियां खास और सुल्तानपुर लोधी के थानों में तैनात किया जाए
पवित्र बेईं के आसपास चोरी, लूट और नशे से जुड़ी घटनाओं में बढ़ोतरी चिंता का विषय
राज्यपाल, सीएम, डीसी व जालंधर व कपूरथला के सीनियर अधिकारियों को भेजा पत्र
जालंधर।
राज्यसभा सांसद संत बलबीर सिंह सीचेवाल ने अपनी सुरक्षा को लेकर बड़ा फैसला लिया है। उन्होंने पंजाब के डीजीपी को पत्र लिखकर सुरक्षा में तैनात छह पुलिस जवानों को वापस लेने की मांग की है। इसके साथ ही उन्होंने सुझाव दिया है कि इन पुलिसकर्मियों को लोहियां खास और सुल्तानपुर लोधी के थानों में तैनात किया जाए, ताकि आम लोगों की सुरक्षा मजबूत हो सके। 27 जुलाई 2026 को लिखे पत्र में संत सीचेवाल ने कहा कि जालंधर के लोहियां क्षेत्र और सुल्तानपुर लोधी में पवित्र बेईं के आसपास चोरी, लूट और नशे से जुड़ी घटनाओं में बढ़ोतरी चिंता का विषय है। सांसद ने इससे पहले मलसियां पुलिस चौकी में स्टाफ की कमी का पत्र लिखा था।
आम लोगों की सुरक्षा मजबूत हो
ऐसे हालात में पुलिसकर्मियों की जरूरत थानों और सार्वजनिक सुरक्षा के लिए ज्यादा है, न कि उनकी निजी सुरक्षा के लिए। संत सीचेवाल ने पत्र में कहा कि एक जनप्रतिनिधि होने के नाते वह मानते हैं कि आम लोगों की सुरक्षा उनकी व्यक्तिगत सुरक्षा से अधिक महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि जब जनता खुद को असुरक्षित महसूस कर रही हो, तो उनके साथ छह सुरक्षाकर्मियों का रहना उचित नहीं है।
सुरक्षा लेने से इनकार कर चुके
उन्होंने यह भी बताया कि इससे पहले भी वह सुरक्षा लेने से इनकार कर चुके हैं और उनका कहना था कि उन्हें किसी तरह का निजी खतरा नहीं है। इसके बावजूद उन्हें सुरक्षा उपलब्ध कराई गई थी। अब उन्होंने स्वेच्छा से यह सुरक्षा वापस करने की इच्छा जताई है। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में अपराध की घटनाएं बढ़ रही हैं और उनके गांव सीचेवाल में एक ही रात में चोरी की आठ वारदातें सामने आई थीं। उन्होंने बिजली की तारों की चोरी की बढ़ती घटनाओं पर भी चिंता जताई।
बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते हैं
संत सींचेवाल ने पवित्र बेईं का जिक्र करते हुए कहा कि यहां रोजाना बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते हैं। ऐसे में आसपास के क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को मजबूत करना जरूरी है, ताकि श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों में सुरक्षा का भरोसा बना रहे। उन्होंने अपने पत्र की प्रतियां पंजाब के राज्यपाल, मुख्यमंत्री, संबंधित जिलों के डिप्टी कमिश्नरों और जालंधर व कपूरथला के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को भी भेजी हैं।